जोधपुर में पुलिस दबिश के दौरान तीसरी मंजिल से गिरा युवक, मौत के बाद अस्पताल में हंगामा; परिजनों ने लगाया धक्का देने का आरोप
जोधपुर: शहर के उदयमंदिर-आसन क्षेत्र में बुधवार शाम एक युवक की पुलिस दबिश के दौरान तीसरी मंजिल से गिरने के बाद मौत हो गई। मृतक की पहचान 24 वर्षीय सद्दाम के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार, नागौरी गेट थाना पुलिस उसे पकड़ने के लिए उसके घर पहुंची थी। पुलिस टीम को देखकर सद्दाम छत की ओर चला गया और पड़ोसी की तरफ जाने के प्रयास के दौरान तीसरी मंजिल की बालकनी से नीचे गिर गया। नीचे गिरते समय वह बिजली के तारों की चपेट में आ गया और गंभीर रूप से घायल हो गया।
घटना के बाद सद्दाम को गंभीर हालत में महात्मा गांधी अस्पताल (MGH) ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। हादसे की सूचना फैलते ही अस्पताल में बड़ी संख्या में परिजन और स्थानीय लोग पहुंच गए। इसके बाद पुलिस कार्रवाई को लेकर विरोध शुरू हो गया।
परिजनों ने लगाया पुलिस पर धक्का देने का आरोप
मृतक के परिजनों और कुछ स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया कि पुलिसकर्मी सद्दाम का पीछा करते हुए छत तक पहुंचे थे और इसी दौरान उसे धक्का दिया गया, जिसके कारण वह नीचे गिरा। हालांकि, पुलिस की ओर से सामने आए विवरण में कहा गया है कि युवक खुद छत की ओर गया और पड़ोसी की छत की तरफ जाने के दौरान बालकनी से नीचे गिरा।
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अतिरिक्त डीसीपी ईस्ट नरेंद्र सिंह देवड़ा ने कहा कि घटना की जांच की जा रही है। उन्होंने बताया कि युवक किन परिस्थितियों में ऊपर से गिरा, इसकी जांच होगी और परिजनों की ओर से दी जाने वाली शिकायत पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
अस्पताल में धरना, कार्रवाई और मुआवजे की मांग
सद्दाम की मौत के बाद महात्मा गांधी अस्पताल में लोगों की भीड़ जुट गई। परिजनों और स्थानीय लोगों ने पुलिस के खिलाफ नारेबाजी करते हुए शव को लेने से इनकार किया और कार्रवाई की मांग उठाई।
प्रदर्शनकारियों की ओर से कथित रूप से जिम्मेदार पुलिसकर्मियों के खिलाफ मामला दर्ज करने, घटना की निष्पक्ष जांच कराने और परिवार को एक करोड़ रुपये मुआवजा देने की मांग रखी गई। स्थानीय जनप्रतिनिधि भी अस्पताल पहुंचे और परिजनों से बातचीत की।
पुलिस वाहन में तोड़फोड़, कांस्टेबल घायल
घटना के बाद इलाके में तनाव की स्थिति बन गई। रिपोर्टों के मुताबिक, आक्रोशित भीड़ ने पुलिस वाहन में तोड़फोड़ की। इस दौरान एक कांस्टेबल के साथ मारपीट भी हुई, जिससे वह घायल हो गया और उसे उपचार के लिए अस्पताल ले जाया गया। पुलिस अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर स्थिति संभाली और लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की।
पुलिस और परिजनों के दावों में अंतर
इस मामले में फिलहाल घटना को लेकर पुलिस और मृतक के परिजनों के बयान अलग-अलग हैं। पुलिस का कहना है कि सद्दाम पुलिस को देखकर छत की ओर गया और गिरने के बाद बिजली के तारों की चपेट में आया, जबकि परिजन पुलिस पर उसे धक्का देने का आरोप लगा रहे हैं। घटना की परिस्थितियों को स्पष्ट करने के लिए जांच महत्वपूर्ण होगी।

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